Poets
Poetry
Books
Log in
Poets
Poetry
Books
पार्क में बैठा रहा कुछ देर तक अच्छा लगा, पेड़ की छाया का सुख अच्छा लगा, डाल से पत्ता गिरा- पत्ते का मन, "अब चलूँ" सोचा, तो यह अच्छा लगा...
Kunwar Narayan
Cancel
Log in